DrSamar Rajput

DrSamar Rajput

Share

Contact information, map and directions, contact form, opening hours, services, ratings, photos, videos and announcements from DrSamar Rajput, Doctor, Jwalapur.

03/03/2024

If Any Problem like Joints pain, nerve problem A
Paralysis plz wisit our hospital

03/03/2024

03/03/2024

Best Treatment For paralysis, Nerves Problem & Joints pain

Photos from DrSamar Rajput's post 28/12/2016

>> #कोल्ड_ड्रिंक पीने के 60 मिनट के भीतर बॉडी पर होगा ऐसा असर > SHARE करना ना भूलें - सेहत के लिए कितना खतरनाक है कोला - सबको जागरूक करें <
ऐसी रोचक पोस्ट पढ़ते रहने के लिए
हमारा पेज लाइक करना ना भूलें।।
आपको लाइक करने का फायदा जरूर होगा। ये मेरा वादा है।

Photos 10/11/2016

▶ यूरिक एसिड की उच्च मात्रा के कारण आप गठिया जैसी समस्याओं से पीड़ित हो सकते है। इसलिए यूरिक एसिड की मात्रा को नियंत्रित करना आवश्यक होता है।
▶ यूरिक एसिड कम करने के उपाय : शरीर में प्यूरिन के टूटने से यूरिक एसिड बनता है।
☵प्यूरिन एक ऐसा पदार्थ है जो खाद्य पदार्थों में पाया जाता है और जिसका उत्पादन शरीर द्वारा स्वाभाविक रूप से होता है। यह ब्लड के माध्यम से बहता हुआ किडनी तक पहुंचता है। वैसे तो यूरिक एसिड यूरीन के माध्यम से शरीर के बाहर निकल जाता है। लेकिन, कभी-कभी यह शरीर में ही रह जाता है और इसकी मात्रा बढ़ने लगती है। यह परिस्थिति शरीर के लिए परेशानी का सबब बन सकती है। यूरिक एसिड की उच्च मात्रा के कारण गठिया जैसी समस्याएं पीड़ित हो सकते है। इसलिए यूरिक एसिड की मात्रा को नियंत्रित करना आवश्यक होता है। यूरिक एसिड को कुछ प्राकृतिक उपायों द्वारा कम किया जा सकता है।
♽सूजन को कम करें : शरीर में यूरिक एसिड की मात्रा कम करने के लिए आपको अपने आहार में बदलाव करना चाहिये। आपको अपने आहार में चेरी, ब्लूबेरी और स्ट्रॉबेरी को शामिल करें। यूनिवर्सिटी ऑफ मैरीलैंड मेडिकल सेंटर में हुए शोध के अनुसार, सूजन कम करने में बैरीज आपकी मदद कर सकती है।
यूरिक एसिड को कम करने में कुछ अन्य खाद्य पदार्थ भी मददगार होते हैं। जैसे अनानास में मौजूद पाचक एंजाइम ब्रोमेलाइन में एंटी इफ्लेमेंटरी तत्व होता है, जो सूजन को कम करते है।अजवाइन का सेवन : अजवाइन यूरिक एसिड को कम करने के लिए एक और प्रभावी तरीका है क्योंकि यह प्राकृतिक मूत्रवर्धक है। यह रक्त में क्षार के स्तर को नियंत्रित कर सूजन को कम करने में मदद करती है।
ओमेगा-3 फैटी एसिड से बचें : ट्यूना, सामन, आदि मछलियों में ओमेगा-3 फैटी एसिड भरपूर मात्रा में होता है। इसलिए यूरिक एसिड के बढ़ने पर इन्हें खाने से बचना चाहिए। साथ ही मछली में अधिक मात्रा में प्यूरिन पाया जाता है। प्यूरिन शरीर में ज्यादा यूरिक एसिड पैदा करता है।
बेकिंग सोडा का सेवन : एक गिलास पानी में आधा चम्मच बेकिंग सोडा मिला लें। इसे अच्छे से मिक्स करके नियमित रूप से इसके आठ गिलास पीये।
यह बेकिंग सोडा का मिश्रण यूरिक एसिड क्रिस्टल भंग करने और यूरिक एसिड घुलनशीलता को बढ़ाने में मदद करता है। लेकिन सोडियम की अधिकता के कारण आपको बेकिंग सोडा लेते समय सावधानी बरतनी चाहिए। क्योंकि इससे आपका रक्तचाप बढ़ सकता है।
प्यूरिन से भरपूर खाद्य पदार्थ से बचें : शरीर में यूरिक एसिड के स्तर को नियंत्रित करने के लिए प्यूरिन से भरपूर खाद्य पदार्थो के सेवन से बचना चाहिए।
प्यूरिन एक प्राकृतिक पदार्थ है, जो शरीर को एनर्जी देता है। किडनी की समस्या होने पर प्यूरिन से भरपूर खाद्य पदार्थ शरीर के विभिन्न भागों में अत्यधिक यूरिक एसिड का संचय करते है। रेड मीट, समुद्री भोजन, ऑर्गन मीट और कुछ प्रकार के सेम सभी प्यूरिन से भरपूर होते हैं।
परिष्कृत कार्बोहाइड्रेट और सब्जियां जैसे शतावरी, मटर, मशरूम और गोभी से बचना चाहिए।फ्रक्टोज से बचें : प्राकृतिक रूप से यूरिक एसिड को कम करने के लिए आपको फ्रक्टोज से भरपूर पेय का सेवन सीमित कर देना चाहिए। 2010 में किए गए एक शोध के अनुसार, जो लोग ज्यादा मात्रा में फ्रक्टोस वाले पेय का सेवन करते हैं उनमें गठिया होने का खतरा दोगुना अधिक होता है।
पीएच (pH) का संतुलन : शरीर में एसिड के उच्च स्तर को एसिडोसिस के रूप में जाना जाता है।
यह शरीर के यूरिक एसिड के स्तर के साथ संबंधित होता है। अगर आपका पीएच स्तर 7 से नीचे चला जाता है, तो आपका शरीर अम्लीय हो जाता है। अपने शरीर क्षारीय को बनाये रखने के लिए, अपने आहार में सेब, सेब साइडर सिरका, चेरी का जूस, बेकिंग सोडा और नींबू को शामिल करें। साथ ही अपने नियमित में कम से कम 500 ग्राम विटामिन सी जरूर लें। विटामिन सी, यूरिक एसिड को यूरीन के रास्ते निकालकर इसे कम करने में सहायक होता है।
⏭भरपूर मात्रा में 💧⛲ पानी : शरीर को हाइड्रेटेड रखकर आप यूरिक एसिड के स्तर को कम कर सकते है।
शरीर में पानी का उचित स्तर यूरिक एसिड को बाहर निकालने के लिए जरूरी होता है।
पानी की पर्याप्त मात्रा से शरीर में मौजूद यूरिक एसिड यूरीन के रास्ते से बाहर निकल जाता है। इसलिए थोड़ी-थोड़ी देर में पानी पीते रहना चाहिए।
खाना जैतून 🍐 के तेल में पकाये :
⏭⏭यह तो सभी जानते है कि जैतून के तेल में बना आहार, शरीर के लिए लाभदायक होता है।
इसमें विटामिन ई की भरपूर मात्रा में मौजूदगी खाने को पोषक तत्वों से भरपूर बनाता है और यूरिक एसिड को कम करता है।

⏯वजन को नियंत्रित रखें : मोटे लोग प्यूरिन युक्त आहार बहुत अधिक मात्रा में लेते हैं। और प्यूरिन से भरपूर खाद्य पदार्थ यूरिक एसिड के स्तर को बढ़ा देते है। लेकिन, साथ ही यह तेजी से वजन कम होने का एक कारक भी है। इसलिए आपको सभी मामलों में क्रैश डाइटिंग से बचना चाहिए। अगर आप मोटापे से ग्रस्त हैं, तो यूरिक एसिड के स्तर को बढ़ने से रोकने के लिए अपने वजन को नियंत्रित करें।
⚀⚀शराब 🍺 का कम मात्रा में सेवन : शराब आपके शरीर को डिहाइड्रेट कर देता है, इसलिए प्यूरिन से उच्च खाद्य पदार्थों के शराब की बड़ी मात्रा को लेने से बचना चाहिए। बीयर में यीस्ट भरपूर होता है, इसलिए इसके सेवन से दूर रहना चाहिये। हालांकि वाइन यूरिक एसिड के स्तर को प्रभावित नहीं करती है।

07/11/2016

Samar Rajput
➡ जीरा और केले का अद्भुत मिश्रण :
आज कल की लाइफस्टाइल के कारण हर दूसरा व्यक्ति मोटापे से ग्रस्त है। जिससे निजात पाने के लिए वह हर उपाय को अपना रहा है। जो कि संभव है। भागदौड़ भरी लाइफ से वह खुद का वजन कम करने के लिए डाइटिंग, एक्सरसाइज, जिम आदि में अपना पसीना बहाकर इस समस्या से निजात पाना चाहते हैं।इतना ही नहीं वह वजन को कम करने के लिए दवाओं का भी सहारा ले रहे है। लेकिन आप जानते है कि दवा खाने से आपको बाद में इसके साइड इफेक्ट भी नजर आएगे। मोटापा बढ़ने का मुख्य कारण अनियमित खानपान, दिनचर्या है। जिसके कारण हमारा वजन दिनो-दिन बढ़ता जाता है।आजकल के हेल्दी नहीं सिर्फ टेस्टी खाना खाने के चक्कर में लोगों का वज़न बढ़ता जा रहा है। अगर आप सच में इस समस्या से निजात पाना चाहते है, तो हम अपनी खबर में एक ऐसे घरेलू उपाय के बारें में बता रहे है। जिससे आप आसानी से कुछ ही दिनो में पेट की चर्बी से निजात पा सकते है।केले और जीरे के इस अनोखे उपाय से आप अपने पेट की चर्बी आसानी से कम कर सकते है। आयुर्वेद के अनुसार माना जाता है कि जीरा पेट में जाकर पेट की चर्बी से निजात दिलाता है। वही केला पाचन तंत्र को सही रखता है। साथ ही पेट में होने वाले अल्सर से आपकी रक्षा करता है। इसलिए इसका सेवन करने से आपका वजन आसानी से कम हो जाता है।
⏭☵इस मिश्रण को बानने के लिए पके हुआ केला लेकर एक बाउल में मैश कर लें। इसके बाद इसमें भूना हुआ जीरा डालकर अच्छी तरह मिला लें। दिन में कम से कम दो बार इसका सेवन करें। इसकी सेवन करने से कुछ ही दिनों में आपको पेट की चर्बी से निजात मिल जाएगा ll

Photos 15/10/2016

➡ निसंतानियो को संतान प्राप्ति के कारगर आसान उपाय :

🔴हमारे समाज में निसंतान होना अभिशाप माना जाता है। सामान्य कारण नपुंसकता होता है। कुछ एलोपैथिक दवाएं भी नपुंसकता पैदा कर बच्चा पैदा करने में अवरोध बनती हैं, जिसमें हाई ब्लड प्रेशर की दवाएं और डाइबिटीज सरीखे रोग शामिल हैं।
🔴ऐसा भी देखा गया है जब नपुंसकता के पीछे मानसिक कारण भी होते हैं। ऐसे में आज हम आपको कुछ ऐसे ही आयुर्वेदिक नुस्खे बताएंगे जिनसे आपकी यह दिक्कत दूर हो सकती है।

🔘 अश्वगंधा 1.5 ग्राम. शतावरी 1.5 ग्राम, सफ़ेद मुसली 1.5 ग्राम एवं कौंच बीज चूर्ण को 75 मिलीग्राम की मात्रा में गाय के दूध से सेवन करने से भी नपुंसकता दूर होकर कामशक्ति बढ़ जाती है।

🔘 शिलाजीत का 250 मिलीग्राम से 500 मिलीग्राम की मात्रा में दूध के साथ नियमित सेवन भी मधुमेह आदि के कारण आयी नपुंसकता को दूर करता है।

🔘पलाश के पेड़ की एक लम्बी जड़ में लगभग 250 एम.एल. की एक शीशी लगाकर, इसे जमीन में दबा दें, एक हफ्ते बाद इसे निकाल लें, अब इसमें इकठ्ठा होने वाला निर्यास द्रव सुबह पुरुष को एक चम्मच शहद से दें। यह शुक्रानुजनित कमजोरी (ओलिगोस्पर्मीया) को दूर करने में मददगार होता है।

🔘श्वेत कंटकारी के पंचांग को सुखाकर पाउडर बना लें तथा स्त्री में मासिक धर्म के 5वें दिन से लगातार तीन दिन सुबह एक बार दूध से दें। इसके साथ ही पुरुष को अश्वगंधा 10 ग्राम, शतावरी 10 ग्राम, विधारा 10 ग्राम, तालमखाना 5 ग्राम, तालमिश्री 5 ग्राम सब मिलकर 2 चम्मच दूध के साथ सुबह-शाम लेने पर निश्चित लाभ होता है।
📢📢कृपया इस मत्त्वपूर्ण पोस्ट को फेसबुक और व्हाट्सप्प पर ज्यादा से ज्यादा शेयर करें।
आपका दोस्त-
DrSamar Rajput

Want your practice to be the top-listed Clinic in Jwalapur?
Click here to claim your Sponsored Listing.

Category

Telephone

Website

Address


Jwalapur
249407