Gaurav Kumar Rai

Gaurav Kumar Rai

Share

Contact information, map and directions, contact form, opening hours, services, ratings, photos, videos and announcements from Gaurav Kumar Rai, Digital creator, Noida.

24/02/2026

Remember that catch at Lord’s Cricket Ground as one of my proudest moments. I chased the ball, heard the roar, and felt proud representing India that day.

20/02/2026

Age is just a number. Is it true?

Mohammad Kaif

20/02/2026

ROHIT SHARMA, AN EMOTION TO ALL ❤️

20/02/2026

- Highest Individual score in World Cup for Afghanistan.
- Highest Individual score in T20 World Cup for Afghanistan.
- Highest Individual score in Champions Trophy for Afghanistan.

ONE & ONLY, IBRAHIM ZADRAN 🥶🔥

20/02/2026

- Won CLT20 in 2010.
- Won IPL in 2010.
- Won IPL in 2011.
- Won CLT20 in 2014.
- Won IPL in 2018.
- Won IPL in 2021.
- Won IPL in 2023.

18 YEARS OF MS DHONI IN CSK 🥹💛 Yellow Army signed Thala "OTD in 2008".

20/02/2026

Captain Shreyas Iyer is getting ready to rule IPL 2026. 💥

Photos from Gaurav Kumar Rai's post 03/11/2025

अमोल मजूमदार की कहानी सिर्फ एक कोच की नहीं है, यह उस खिलाड़ी की गाथा है जिसने कभी भारतीय टीम की जर्सी नहीं पहनी, पर उसने वह कर दिखाया जो शायद भारत के लिए खेलने वाले भी नहीं कर पाए। उन्होंने खुद मैदान पर मौका नहीं पाया, लेकिन दूसरों को वह मौका दिलाया और उसी से भारत को विश्व कप फाइनल तक पहुंचा दिया। भारत की महिला क्रिकेट टीम 2005 और 2017 के बाद सिर्फ तीसरी बार वनडे विश्व कप के फाइनल में पहुंची और चैंपियन बन गई।

मजूमदार का जीवन एक इंतजार से शुरू हुआ। 1988 में वह 13 साल के थे, जब स्कूल क्रिकेट के टूर्नामेंट हैरिस शील्ड के दौरान नेट्स में अपनी बल्लेबाजी की बारी आने का इंतजार कर रहे थे। उसी दिन अमोल की टीम से ही खेल रहे सचिन तेंदुलकर और विनोद कांबली ने 664 रनों की ऐतिहासिक साझेदारी की। दिन खत्म हो गया, पारी घोषित कर दी गई, लेकिन अमोल को बल्लेबाजी का मौका नहीं मिला। यह घटना उनके जीवन का प्रतीक बन गई। बैटिंग की बारी हमेशा उनसे कुछ दूर ही रही।

1993 में जब उन्होंने बॉम्बे (अब मुंबई) के लिए प्रथम श्रेणी क्रिकेट में डेब्यू किया, तो पहले ही मैच में 260 रनों की ऐतिहासिक पारी खेल डाली। यह तब विश्व में किसी भी खिलाड़ी की डेब्यू पारी में सबसे बड़ा स्कोर था। लोग कहने लगे- यह अगला सचिन तेंदुलकर बनेगा। पर किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। दो दशक से भी अधिक लंबे करियर में उन्होंने 11,000 से ज्यादा रन बनाए, 30 शतक जड़े, लेकिन कभी भी भारत के लिए एक भी मैच नहीं खेल सके। वो एक सुनहरे युग के खिलाड़ी थे, जब टीम में तेंदुलकर, द्रविड़, गांगुली, लक्ष्मण जैसे सितारे थे। मजूमदार उनके साए में खो गए।

2002 तक आते-आते उन्होंने लगभग हार मान ली थी। चयनकर्ता बार-बार नजरअंदाज करते रहे। वो खुद कहते हैं, 'मैं एक खोल में चला गया था, समझ नहीं आ रहा था अगली पारी कहां से निकलेगी।' तभी उनके पिता अनिल मजूमदार ने कहा, 'खेल छोड़ना नहीं, तेरे अंदर अभी क्रिकेट बाकी है।' यह एक वाक्य उनकी जिंदगी बदल गया। उन्होंने वापसी की और 2006 में मुंबई को रणजी ट्रॉफी जिताई। इसी दौरान उन्होंने एक युवा खिलाड़ी रोहित शर्मा को पहली बार फर्स्ट-क्लास क्रिकेट में मौका दिया। फिर भी, दो दशकों में 171 मैच, 11,167 प्रथम श्रेणी रन, 30 शतक के बावजूद उन्होंने भारत के लिए एक भी मैच नहीं खेला।

2014 में क्रिकेट को अलविदा कहने के बाद उन्होंने कोचिंग का रास्ता चुना।

और आज Indian Women Cricket Team को World Cup 2025 जीताकर उन्होंने नामुमकिन समझे जाने वाले काम को मुमकिन कर दिखाया है 🧡🤍💚

Photos from Gaurav Kumar Rai's post 04/10/2025

रोहित शर्मा, एक ऐसा नाम जो कभी मिटने वाला नहीं है। धोनी की तरह के लोग क्रिकेट इतिहास में बहुत कम होते हैं, और शर्मा को भी याद करते रहेंगे। भले ही रोहित से टेस्ट के बाद वनडे की कप्तानी ले ली गई हो, और शुभमन गिल को वनडे कप्तान घोषित किया गया हो, लेकिन रोहित शर्मा को दिल से भूल पाना बहुत मुश्किल होगा।

वह एक ऐसे कप्तान थे जिन्होंने धोनी के बाद भारतीय टीम को कई सारी आईसीसी ट्रॉफी दिलाई, जैसे कि टी-20 विश्व कप और एशिया कप। उनके कप्तानी छोड़ने का दुख करोड़ों हिंदुस्तानियों को है। हर कोई रोहित शर्मा से उम्मीद लगाकर बैठा था कि 2027 में होने वाले वनडे विश्व कप में हिंदुस्तान को एक और चमचमाती हुई आईसीसी ट्रॉफी दिलाएंगे, लेकिन यह सपना अधूरा रह गया।

रोहित शर्मा ने अपने करियर में कई बड़े मुकाम हासिल किए। उन्होंने आईपीएल में मुंबई इंडियंस को पांच बार ट्रॉफी दिलाई और अपने जुनून और अनुभव से अपने नाम का परचम लहराया। धोनी के बाद रोहित शर्मा को सबसे सफल कप्तान माना जाता है।

बीसीसीआई ने जो भी निर्णय लिया है, वह सोच-समझकर लिया होगा, लेकिन रोहित के कप्तान न होने का दुख हर किसी को है। उनके साथ जो कुछ भी हुआ, सही नहीं है। हाल ही में रोहित शर्मा अपने फिटनेस पर काफी ध्यान दे रहे थे, उन्होंने अपना वजन भी काफी कम किया था और यो-यो टेस्ट भी आसानी से पास कर लिया था।

फैंस के दिल में रोहित शर्मा की बल्लेबाजी और कप्तानी का इंतजार हमेशा रहेगा। उनकी 45 नंबर की जर्सी हमेशा हर किसी के जेहन में याद रहेगी। रोहित शर्मा एक ऐसे कप्तान थे जिन्होंने अपने खेल और नेतृत्व से करोड़ों दिलों पर राज किया। उनके योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता। अब हम सब उन्हें केवल बल्लेबाजी करते हुए देख सकते हैं उनकी कैप्टेंसी को बहुत याद करेंगे | ❤️🌹

Rohit Sharma

Photos from Gaurav Kumar Rai's post 28/09/2025

भारत ने 2025 एशिया कप का खिताब अपने नाम कर लिया है. फाइनल में टीम इंडिया ने पाकिस्तान को 5 विकेट से रौंदा.

24/09/2025

Abhishek Sharma & Suryakumar Yadav L-Celebration Dedicated to Indian Fans! 🇮🇳❤️👆
📸: BCCI

Photos from Gaurav Kumar Rai's post 04/08/2025

Gautam Gambhir Hugging Captain Gill

Photos from Gaurav Kumar Rai's post 04/08/2025

इंग्लैंड में शुभमन गिल की कप्तानी में भारत की शानदार वापसी संघर्ष का सफर

युवा कप्तान शुभमन गिल ने इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज में भारत को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया। ओवल टेस्ट में 6 रन की रोमांचक जीत के साथ भारत ने सीरीज को 2-2 से बराबर कर लिया। गिल ने न केवल 737 रनों के साथ 47 साल पुराना सुनील गावस्कर का रिकॉर्ड तोड़ा, बल्कि अपनी रणनीतिक कुशलता से टीम को मुश्किलों से उबारा। चार शतकों और एक दोहरे शतक (269, एजबेस्टन) के साथ गिल ने दिखाया कि वह 'प्रिंस' से 'किंग' बनने की राह पर हैं।

संघर्ष और आलोचनाओं का सामना

सीरीज की शुरुआत में गिल की कप्तानी पर सवाल उठे। रोहित शर्मा और विराट कोहली जैसे दिग्गजों की अनुपस्थिति में 25 साल के गिल पर दबाव था। पहले टेस्ट में हार और लगातार पांच टॉस हारने के बावजूद, गिल ने हिम्मत नहीं हारी। मैनचेस्टर में चौथे टेस्ट को ड्रॉ कराने में उनकी 103 रनों की पारी और रवींद्र जडेजा व वाशिंगटन सुंदर के शतकों ने भारत को हार से बचाया।

टीम का जुझारूपन

यशस्वी जायसवाल (118), जडेजा (53), और सुंदर (53) ने दूसरी पारी में शानदार बल्लेबाजी की। मोहम्मद सिराज (5/104) और प्रसिद्ध कृष्णा (4 विकेट) की गेंदबाजी ने अंतिम दिन इंग्लैंड को ध्वस्त किया। गिल ने कहा, "हमने दबाव में भी मौके बनाए। एक अच्छी गेंद ने हमें जीत दिलाई। यह टीम का जुनून और एकजुटता है।" यह जीत विदेशी धरती पर भारत की पहली पांचवें टेस्ट जीत थी, जो गिल की अगुवाई में युवा टीम की नई शुरुआत का प्रतीक है।

भावुक संदेश

सोशल मीडिया पर गिल ने लिखा, "यह जीत हर उस खिलाड़ी के लिए है जिसने आलोचनाओं को नजरअंदाज कर अपने जुनून से लड़ाई लड़ी। यह नई भारत की कहानी है।" गिल की कप्तानी और बल्लेबाजी ने न केवल रिकॉर्ड बनाए, बल्कि करोड़ों भारतीयों के दिलों में उम्मीद जगाई।

Want your business to be the top-listed Media Company in Noida?
Click here to claim your Sponsored Listing.

Category

Address

Noida