Simran. TV
Simran TV
15/12/2025
उत्तर प्रदेश के प्रयागराज की प्रतिभाशाली बेटी खुशबू निषाद ने लेबनान में आयोजित IMMAF एशिया MMA चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतकर देश का परचम विश्व मंच पर शान से लहराया है और भारतीय बेटियों की क्षमता, साहस एवं कड़ी मेहनत को नई अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाई है।
उनकी यह ऐतिहासिक और स्वर्णिम उपलब्धि भारतीय बेटियों के हौसले, अनुशासन और अटूट संकल्प की उज्ज्वल मिसाल है, जो हर युवा को उत्कृष्टता और संघर्ष की राह पर बढ़ने की प्रेरणा देती है।
15/12/2025
साल 1988 में रिलीज हुई फिल्म जलजला में दिग्गज सितारे डैनी डेन्जोंगपा,डैन धनोआ, गुलशन ग्रोवर, अनीता राज, धर्मेंद्र & शत्रुघ्न सिन्हा एक साथ नजर आए थे और अब कुछ ऐसे नजर आते हैं
15/12/2025
"ये अमिताभ बच्चन उस वक्त बहुत दुबला-पतला, सिकुड़ा सा हुआ करता था। मैं दिल्ली में थिएटर किया करता था तब। ये 1960 की बात है। हम एक नाटक कर रहे थे जिसे अमिताभ के पिता डॉक्टर हरीवंशराय बच्चन जी ने हिंदी में रूपांतरित किया था। वो शेक्सपियर का मशहूर नाटक ओथेलो था। मैं ओथेलो का किरदार निभा रहा था। और तेजी बच्चन जी एमिलिया बनी थी उस नाटक में। अमित के माता-पिता से मेरी बहुत अच्छी बातचीत थी। तो तेजी जी मुझसे रोज़ कहती थी कि गोगा, डायरेक्टर को बोल ना। अमित को भी एक रोल दे दे।"
"उनके कहने पर मैं डायरेक्टर से अमित को रोल देने को कहूं तो डायरेक्टर मुझे ही गाली दे। डायरेक्टर कहे कि पागल है तू? उसे देखा है? हाइट और बॉडी देखी है उसकी? मेरे बड़े कहने पर डायरेक्टर अमित को एक रोल देने के लिए राज़ी हो गया। और अमित को हेल्दी दिखाने के लिए हमने रूई की उसे बड्डियां पहनाई थी। अमित को कैसियो का रोल मिला था। और वो अमित की पहली स्टेज परफॉर्मेंस थी। अमित ने इतना बढ़िया निभाया था वो रोल कि सबने उसकी तारीफ़ की। उसके बाद ही अमित को एक्टिंग का कीड़ा लगा था।"
"अमित के माता-पिता से मेरे ताल्लुकात बहुत पुराने थे। 1957 में हम लोग मैकबेथ नाटक कर रहे थे। मैं उसमें एक्टिंग नहीं कर रहा था। मैं स्टेज के पीछे काम कर रहा था। तेजी जी उस नाटक में लेडी मैकबेथ बनी थी। उसी दौरान डॉक्टर हरिवंशराय बच्चन ने मेरा बहुत उस्ताहवर्धन किया था। वैसे आपको बता दूं कि मैं पहले एक्टर नहीं बनना चाहता था। मैं एथलीट बनना चाहता था। मैं दिल्ली जूनियर बॉडी बिल्डिंग में रह चुका हूं। तब मेरी उम्र 14 साल थी। लेकिन मेरी किस्मत बदली बी.आर.चोपड़ा जी ने।"
"एक शादी में मुझे बी.आर.चोपड़ा मिले। ये 1956 की बात होगी। वहां उनसे मेरी बातचीत हुई तो उन्होंने मुझे फ़िल्म एक्टर बनने की सलाह दी। उनकी वो बात मेरे दिमाग में बैठ गई। मैं सोचने लगा कि भला मैं एक्टर क्यों नहीं बन सकता। तब मैंने दिल्ली का एक थिएटर ग्रुप जॉइन किया जो सुदर्शन बब्बर चलाया करते थे। उन्होंने मुझे पहली दफ़ा नाटक में काम दिया। नाटक का नाम मैं भूल रहा हूं। लेकिन नाटक की थीम थी कि डॉक्टर लोग पढ़-लिखकर शहरों में क्लीनिक खोल लेते हैं। गावों में नहीं जाते। मैं डॉक्टर बना था उस नाटक मे।"
साथियों कई साल पहले गोगा कपूर जी ने ये बातें एक रेडियो इंटरव्यू के दौरान बताई थी। उम्मीद है आपको गोगा कपूर जी पर लिखा गया आज का हमारा ये दूसरा लेख भी पसंद आया होगा। जी हां, आज ये गोगा कपूर जी पर हमारा दूसरा लेख है। इससे पहले भी एक लेख गोगा जी के बारे में हम पोस्ट कर चुके हैं। और वो इसलिए क्योंकि आज गोगा कपूर जी का जन्मदिवस है। साल 1940 में आज ही के दिन, 15 दिसंबर को लाहौर में गोगा जी का जन्म हुआ था। किस्सा टीवी बहुत शानदार अदाकार रहे स्वर्गीय गोगा कपूर जी को नमन करता है। और भारतीय सिनेमा में जो योगदान उन्होंने दिया, उसके लिए उन्हें सैल्यूट भी करता है। जय हिंद।
15/12/2025
दिल्ली के रामलीला मैदान में आज कांग्रेस पार्टी वोट चोरी के मुद्दे पर प्रदर्शन कर रही है। इस दौरान राहुल गांधी ने अमित शाह के खिलाफ बेहद आक्रामक भाषण दिया है। राहुल गांधी ने कहा कि अमित शाह तभी तक बहादुर हैं, जब तक इनके हाथ में सत्ता है। जिस दिन सत्ता गई, उसी दिन इनकी बहादुरी भी निकल जाएगी।
पहाड़ पहाड़ी उत्तराखंड
27/11/2025
ही मेन......
धर्मेंद्र जी को डेढ़ लाख रुपए फ़ीस मिली थी शोले फ़िल्म में काम करने के बदले। और धर्मेंद्र इस फ़िल्म के हाइएस्ट पेड एक्टर थे। धर्मेंद्र के बाद शोले के ठाकुर साहब, यानि संजीव कुमार जी को सबसे ज़्यादा फ़ीस दी गई थी। संजीव कुमार जी को 1 लाख 25 हज़ार रुपए फ़ीस मिली थी। जय का किरदार निभाने वाले अमिताभ बच्चन को 1 लाख रुपए दिए गए थे। बसंती तांगेवाली का किरादर निभाने वाली हेमा मालिनी को 75 हज़ार रुपए मिले थे। गब्बर सिंह बने अमजद खान को पचास हज़ार रुपए दिए गए थे। और ठाकुर की विधवा बहू बनी जया बच्चन को सबसे कम, मात्र 35 हज़ार रुपए फ़ीस मिली थी।
27/11/2025
दुबई एयर शो में हुए तेजस विमान हादसे की सबसे दर्दनाक लेकिन गर्व से भर देने वाली सच्चाई सामने आई है…
जिस स्क्वाड्रन लीडर ने अपनी आखिरी सांस तक कॉकपिट नहीं छोड़ा…वो इसलिए कि जमीन पर मौजूद हज़ारों लोगों की जान बच सके।
जब विमान में तकनीकी खराबी आई, तो पायलट के पास दो रास्ते थे—या तो खुद को बचा ले, या फिर विमान को आबादी और भीड़ से दूर ले जाकर टकराए…
और उन्होंने दूसरा रास्ता चुना।
अपने लिए नहीं… देश के लोगों के लिए।
वो जानते थे कि शायद वापस न आ पाएं…
लेकिन फिर भी विमान को भीड़ से दूर ले जाकर गिराया।
वो शहीद हो गए,
पर उनकी वजह से हज़ारों परिवार आज सुरक्षित हैं।
ये शौर्य था स्क्वाड्रन लीडर नमश स्याल का—
हिमाचल की मिट्टी का वो वीर सपूत,
जो अपनी आखिरी सांस तक
"देश पहले" के सिद्धांत पर अडिग रहा।
आज हर भारतीय का सिर गर्व से ऊँचा है।
ऐसे बेटे सच में बार-बार पैदा नहीं होते… 🇮🇳
🙏 शत-शत नमन स्क्वाड्रन लीडर Namash Syal 🙏
जय हिन्द।
27/11/2025
दर्शन करो जी 🙏
गोदावरी नदी महाराष्ट्र.... Enjoy the videos and music you love, upload original content, and share it all with friends, family, and the world on YouTube.
26/11/2025
लालू परिवार को बड़ा झटका! 28 सालों से लालू - राबड़ी जिस घर में रह रहे हैं, अब उस घर को बिहार सरकार ने खाली करने का आदेश दिया है. नया आवास आवंटित हुआ है.
Click here to claim your Sponsored Listing.
Category
Website
Address
Noida
201301
26/11/2025