Kaale Mundde
17/06/2024
क्रोधाद्भवति संमोहः संमोहात्स्मृतिविभ्रमः । स्मृतिभ्रंशाद्बुद्धिनाशो बुद्धिनाशात्प्रणश्यति ॥
क्रोध से मनुष्य की मति मारी जाती है यानी मूढ़ हो जाती है जिससे स्मृति भ्रमित हो जाती है। स्मृति-भ्रम हो जाने से मनुष्य की बुद्धि नष्ट हो जाती है और बुद्धि का नाश हो जाने पर मनुष्य खुद का अपना ही नाश कर बैठता है।
17/06/2024
नैनं छिद्रन्ति शस्त्राणि नैनं दहति पावकः । न चैनं क्लेदयन्त्यापो न शोषयति मारुतः ॥
आत्मा को न शस्त्र काट सकते हैं, न आग उसे जला सकती है। न पानी उसे भिगो सकता है, न हवा उसे सुखा सकती है।
16/06/2024
कर्मण्येवाधिकारस्ते मा फलेषु कदाचन। मा कर्मफलहेतुर्भूर्मा ते सङ्गोऽस्त्वकर्मणि ॥
कर्म पर ही तुम्हारा अधिकार है, कर्म के फलों में कभी नहीं... इसलिए कर्म को फल के लिए मत करो। कर्तव्य कर्म करने में ही तेरा अधिकार है फलों में कभी नहीं। अतः तू कर्मफल का हेतु भी मत बन और तेरी अकर्मण्यता में भी आसक्ति न हो।
25/05/2024
बरगद एक लगाइये, पीपल रोपें पाँच।
घर घर नीम लगाइये,यही पुरातन साँच।।
यही पुरातन साँच,- आज सब मान रहे हैं।
भाग जाय प्रदूषण सभी अब जान रहे हैं ।
विश्वताप मिट जाये होय हर जन मन गदगद।
धरती पर त्रिदेव हैं- नीम पीपल और बरगद।।
आप को लगेगा अजीब बकवास है , किन्तु यह सत्य है.. .
पिछले 68 सालों में पीपल, बरगद और नीम के पेडों को सरकारी स्तर पर लगाना बन्द किया गया है,
पीपल कार्बन डाई ऑक्साइड का 100% एबजॉर्बर है, बरगद 80% और नीम 75 %
इसके बदले लोगो ने विदेशी यूकेलिप्टस को लगाना शुरू कर दिया , जो जमीन को जल विहीन कर देता है,
आज हर जगह यूकेलिप्टस, गुलमोहर और अन्य सजावटी पेड़ो ने ले ली है,
अब जब वायुमण्डल में रिफ्रेशर ही नही रहेगा तो गर्मी तो बढ़ेगी ही,
और जब गर्मी बढ़ेगी तो जल भाप बनकर उड़ेगा ही,
हर 500 मीटर की दूरी पर एक पीपल का पेड़ लगायें,
तो आने वाले कुछ साल भर बाद प्रदूषण मुक्त हिन्दुस्तान होगा...
वैसे आपको एक और जानकारी दे दी जाए...
पीपल के पत्ते का फलक अधिक और डंठल पतला होता है
जिसकी वजह शांत मौसम में भी पत्ते हिलते रहते हैं और स्वच्छ ऑक्सीजन देते रहते हैं।
वैसे भी पीपल को वृक्षों का राजा कहते है।
12/05/2024
सफल व्यक्ति
अपने लिए हुए फैसले से दुनिया बदलने की ताकत रखते हैं और असफल व्यक्ति दुनिया के डर से अपने ही फैसले बदल देते हैं।
12/05/2024
यदि आप ये सोचते रहे हैं कि लोग क्या कहेंगे, तो आप
जीवन की पहली परीक्षा में ही हार गये हैं
12/05/2024
यदि हम अपनी ताकत को किसी दूसरे की भलाई के लिए प्रयोग नहीं कर सकते, तो एक दिन हमारी यह ताकत हमारे लिए एक बड़ा पहाड़ बन सकती है।
12/05/2024
कोई भी इन्सान अपनी जुबान और अच्छे कर्मों से पहचाना जाता है
क्योंकि अच्छी बातें तो दीवारों पर भी बहुत लिखी होती है।
12/05/2024
आप अपने जीवन में अच्छे काम करते रहे
दुनिया तारीफ करें या ना करें क्योंकि जब आधी दुनिया सोती है, तो भी सूरज निकलता है।
10/05/2024
थोड़ी देर ऑक्सीजन देने वाले डॉक्टर को हम पैसे देकर
भगवान मानते है ।
जबकि जीवन भर मुफ्त में
ऑक्सीजन देने वाले
पेड़ की हम कद्र
नहीं करते।
"पेड बचाओ पेड लगाओ ॥
Abhi bhi time hai sudhar jao..
06/05/2024
आपके बीते हुए कल को आप नहीं बदल सकते, लेकिन आपके आने वाले कल को आप और
बेहतर बना सकते हैं
06/05/2024
एक इंसान का व्यक्तित्व तभी उभर कर आता है, जब वह हालात से
लडकर निखरता है